पिश्टी कैसे काम करती है?
पिश्टी के ठंडे खनिज शरीर की अतिरिक्त गर्मी को कम करते हैं, जिससे जलन, चिड़चिड़ापन और बेचैनी में राहत मिलती है।
एलोवेरा और केले के रस जैसे घटक पेट की परत को आराम देते हैं और हल्की अम्लता को कम करने में मदद करते हैं।
गुलाब-जल और कैल्शियम युक्त खनिज हृदय की मांसपेशियों को सहारा देते हैं और धड़कन को कम करते हैं।
सामग्री और उनके लाभ
- अकीक (अगेट) – पित्त को ठंडा करता है, मन को शांत करता है। सिलिका और ट्रेस-खनिजों से भरपूर, हल्का एंटासिड प्रभाव देता है।
- सर्पाट (जहर मोहरा) – हृदय की कमजोरी और जलन को कम करता है। कैल्शियम और मैग्नीशियम से भरपूर, मांसपेशियों की टोन में सुधार करता है।
- एलोवेरा रस – पेट की परत को आराम देता है, पाचन तंत्र को साफ करता है। पॉलीसैकेराइड्स गैस्ट्रिक म्यूकोसा की रक्षा करते हैं।
हृदय के लिए विशेष लाभ
जहर मोहरा पिश्टी का उपयोग पारंपरिक रूप से हृदयदौर्बल्य (कमजोर हृदय) और छर्दि (उल्टी) में किया जाता है। खनिज आधार हृदय की मांसपेशियों को टोन बनाए रखने में मदद करता है, जबकि गुलाब-जल आंतरिक गर्मी को ठंडा करता है जो धड़कन और उल्टी को ट्रिगर कर सकती है।
